धारा-111. न्यायालय के क्षेत्राधिकार पर रोक- इस अधिनियम में स्पष्ट रूप से की गई व्यवस्था के अतिरिक्त किसी दिवानी या राजस्व न्यायालय को निम्नलिखित के सम्बन्ध में कोई क्षेत्राधिकार प्राप्त न होगा-
(क) किसी सहकारी समिति का या उसकी उपविधियों या उपविधि के किसी संशोधन का निबन्धन,
(ख) किसी प्रबन्ध कमेटी का अवक्रमण अथवा निलम्बन,
(ग) धारा 70 के अधीन निबन्ध को अभिर्दिष्ट किये जाने के लिए अपेक्षित कोई विवाद,
(घ) इस अधिनियम के अधीन दिया गया कोई आदेश या अभिनिर्णय।



टिप्पणी



सहकारी समिति अधिनियम, 1965 की धारा 111 के अनुसार किसी ऐसे विवद के विषय में जिसके विनिश्चय के लिए निबन्धक की निर्देशित किये जाने की अपेक्षा की जाती है किसी सिविल या राजस्व न्यायालय में प्रश्न उठाया जाना पूर्णतया अपवर्जित है।